हरियाणा में भारी पड़ेगा शराब पीकर वाहन चलाना, गैर जमानती हुआ अपराध

हरियाणा हरियाणा विशेष

राज्य सरकार ने विधान सभा में घोषणा की है कि अब हरियाणा में शराब पीकर वाहन चलाना और दुर्घटना करना गैरजमानती अपराध होगा। इस संबंध में एक हेल्पलाइन मोबाइल नंबर भी जारी किया जाएगा, जिसपर लोग शराब पीकर वाहन चलाने वाले के बारे में जानकारी भी दे सकेंगे।

नशे के फैलते जाल पर सरकार ने कहा कि राज्य में मादक पदार्थों से ज्यादा शराब तस्करी का कारोबार होता है और ये हमारे लिए काफी बड़ी चुनौती है।

कांग्रेस के करण दलाल और इनेलो नेता अभय चौटाला ने हरियाणा में मादक पदार्थों की बिक्री पर ध्यानाकर्षण प्रस्ताव दिया था।

करण दलाल ने अपनी राय रखते हुए कहा कि नशे के कारोबार को रोकने के लिए जिला स्तर पर कमेटियां बननी चाहिए।

वहीं अभय चौटाला ने कहा कि हरियाणा में स्थिति पंजाब से ज्यादा गंभीर हो गई हैं, लेकिन सरकार ने अपनी आंखे मूंद रखी हैं। नशे के कोल कारोबार के खिलाफ सख्‍ती से कदम उठाए जाने चाहिए। युवाओं को नशे के चक्रव्‍यूह में जाने से बचाना होगा।

उन्होंने कहा कि मेरे विधान सभा क्षेत्र में चिट्टे का धंधा हो रहा है। कई लड़कियां भी इस धंधे में शामिल हैं। मगर पुलिस को शिकायत करने के बावजूद भी धंधा नही रुका। चौटाला के अनुसार, उनके गांव में 60 प्रतिशत युवा नशे के आदी हो चुके हैं।

हरियाणा में वर्ष 2017 में नशीले पदार्थों की तस्करी के कुल 2,247 मामले दर्ज किए गए। जिसमें आरोपियों के पास से 86.28 किलो अफीम, 124.736 किलो चरस, 9549.किलो चूरा पोस्त, 9.494 किलो स्मैक, 4367.881 किलो गांजा और 3.918 किलो हेरोइन बरामद हुई।

वर्ष 2017 में कुल 14, 668 मामले दर्ज हुए। इस दौरान 8,84,256 देसी शराब की बोतल, 76,10,47 अंग्रेजी शराब की बोतल और 73,910 बीयर की बोतल बरामद की गई।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *