दुष्यंत चौटाला लोकसभा में बोले, आदर्श गांव में सरकारी स्कूल की इमारत तोड़ दी

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Sahab Ram, Yuva Haryana
Chandigarh, 06 Feb, 2019
हिसार से सांसद दुष्यंत चौटाला ने लोकसभा में महामहिम राष्ट्रपति के अभिभाषण को लेकर विभिन्न मुद्दों पर केंद्र सरकार को जम कर घेरा। अभिभाषण में रखी गई बातों का तथ्यों सहित दुष्यंत चौटाला ने लोकसभा में जवाब दिया। उन्होंने सरकार की स्किल इंडिया से लेकर, प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना, बेरोजगारी, फ्री वाई-फाई योजना और रेलवे फाटकों पर ओवरब्रिज और अंडर ब्रिज के मामले पर केंद्र सरकार को कटघरे में खड़ा किया। उन्होंने शिक्षा के मुद्दे पर भी केंद्र सरकार से जवाबतलबी की।
दुष्यंत ने जहां गांव जुगलान में फ्री वाई-फाई योजना को ठंडे बस्ते में डालने पर अपनी नाराजगी जताई वहीं स्किल इंडिया को सफेद हाथी करार दिया। दुष्यंत ने सांसद आदर्श ग्राम योजना पर सवाल खड़े करते हुए कहा कि इस योजना का बेजवह ढिंढोरा पिटा गया और सरकार ने आदर्श गांवों के लिए अलग से धन की व्यवस्था नहीं की। उन्होंने भिवानी जिले के बवानीखेड़ा हलके के गांव घुसकानी के सरकारी स्कूल का मुद्दा भी उठाया। जींद में रेलवे क्रासिंग पर ओवरब्रिज व अंडर ब्रिज न बनने से लगने वाले जाम का भी जिक्र लोकसभा में किया। उन्होंने कहा कि सरकार केवल भाषणों में अपनी उपलब्धियां गिनवा रही है धरातल पर तस्वीर बिल्कुल इसके विपरीत है।
….स्किल इंडिया सफे द हाथी, माली के लिए भी पीएचडी डिग्री धारक युवकों ने किया आवेदन
महामहिम राष्ट्रपति के अभिभाषण पर चर्चा में भाग लेते हुए दुष्यंत चौटाला ने कहा कि अभिभाषण में सरकार की विकास कार्यों और योजनाओं को लेकर बड़ी-बड़ी बातें रखी गई। उन्होंने स्किल इंडिया पर कहा कि असल में यह योजना एक सफेद हाथी जैसा है क्यों कि इस योजना से युवाओं के लिए रोजगार के अवसरों में कोई इजाफा नहीं हुआ। नेशनल कैरियर सर्विसिज के आंकड़ों का हवाला देते हुए दुष्यंत ने कहा कि एक लाख 70 हजार नौकरियों के लिए एक करोड़ 3 लाख बेरोजगारों ने आवेदन किया।
उन्होंने हरियाणा में बढ़ती बेरोजागारी का मुद्दा उठाते हुए सदन में कहा कि 17 हजार ग्रुप डी की नौकरियों के लिए प्रदेश के 18 लाख बेरोजगार युवकों ने आवेदन किया जिसमें माली और चतुर्थ श्रेणी पदों के लिए पीएचडी की योग्यता रखने वाले युवकों ने भी आवेदन किया।
मोदी सरकार ने प्रतिवर्ष रोजगार देने का वायदा नहीं निभाया। और केंद्र सरकार ने रोजगार को लेकर आंकड़े देने ही बंद कर दिए। ठेकेदारी प्रथा को बढ़ाया दिया जा रहा है।
…घुसकानी का स्कूल तोड़ दिया
दुष्यंत ने सांसद आदर्श गांव योजना को जिक्र करते हुए कहा कि सरकार आज तक यह नहीं बता पाई कि इस योजना का क्या विजन था। उन्होंने स्वयं द्वारा गोद लिए गए आदर्श गांव घुसकानी के सरकारी स्कूल की इमारत को बिना अनुमति के तोडऩे का जिक्र करते हुए कहा कि प्रदेश सरकार ने आज तक इस स्कूल में कमरों को नहीं बनाया और विद्यार्थी कड़कती ठंड में एक वर्ष से बाहर खुले मैदान में बैठकर पढऩे को मजबूर हैं। किसी भी आदर्श गांव योजना के तहत न तो सड़कें बनी, न आंगनवाडिय़ां बनी, न अस्पताल बने, न ही राजीव गांधी केंद्र बने।
फसल बीमा योजना नहीं, फसल बिना योजना कहिए सर
दुष्यंत ने प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के क्रियान्वयन पर सवाल उठाते हुए कहा कि बीमा कंपनियों ने किसानों से प्रीमियम के रूप में अरबों रूपये की राशि तो ले ली परन्तु फसल बर्बाद होने पर उन्हें बीमे की राशि नहीं दी। उन्होंने कहा कि सर इसे फसल बिना योजना कहिए तो ठीक रहेगा।
जुगलान का फ्री वाई-फाई योजना पर प्रधानमंत्री कार्यालय ने रोक लगा दी
दुष्यंत ने डिजिटल इंडिया स्कीम पर सवाल खड़े करते हुए कहा कि ऑप्टिक फाईबर जहां-जहां बिछाई गई वहां पर सरकार यह नहीं बता पाई कि क्या कौन सी ग्राम पंचायत आज तक डिजीटलाइज हुई है। उन्होंने हिसार लोकसभा में जुगलान में देश के पहली फ्री वाई-फाई योजना को फेल करने का जिक्र करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री कार्यालय के चक्कर लगाने के दो वर्ष बाद इसकी अनुमति दी और एक वर्ष बाद केंद्र सरकार ने इस वाई-फाई को चलाने के लिए सांसद निधि कोष से दोबारा राशि आंवटित करने पर रोक लगा दी।
जींद के ओवरब्रिज व अंडरब्रिज का मुद्दा गूंजा संसद में
आज लोकसभा में सांसद दुष्यंत चौटाला ने केंद्र सरकार द्वारा मानव रहित रेलवे फाटक बंद कर देने पर कहा कि जींद प्रदेश का सबसे पुराना जिला है। उन्होंने कहा कि मैं पिछले एक माह से जींद शहर में था। अफसोजनक है कि पिछले 15 वर्षो के दौरान प्रदेश में कांग्रेस व भाजपा की सरकारें सत्ता में रही परन्तु जींद के लोगों को रेलवे फाटकों पर लगने वाले जामों से मुक्ति दिलवाने के लिए ओवरब्रिज या अंडर ब्रिज बनाने की दिशा में काम नहीं किया और जींद के लोग आज भी रेलवे क्रांसिंग पर ओवरब्रिज या अंडर ब्रिज न बनने से भारी परेशानी झेल रहे हैं।
ढाणियों को रोशन करने का मॉडल देखना है तो हिसार आकर देखिए
युवा सांसद ने गांवों में बिजली पहुंचाने की योजना का जिक्र करते हुए कहा कि उन्होंने अपने संसदीय निधि कोष से साढ़े छह करोड़ की राशि से ढाणियों को रोशन किया गया है। उन्होंने कहा कि जिस प्रकार लोग गुजरात मॉडल का जिक्र करते हैं, उसी प्रकार यदि ढाणियों में बिजली पहुंचाने का मॉडल देखना है तो हिसार लोकसभा क्षेत्र में आकर देखिए जहां सैंकड़ों ढाणियों को रोशन किया गया है।

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