गुरुग्राम में पिछले 8 सालों के बाद रिकॉर्ड बारिश, प्रशासन ने सही व्यवस्था बनाने में खुद की थपथपाई पीठ

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Yuva Haryana
Gurugram, 28 August, 2018

भले ही सोमवार रात की बारिश से मंगलवार सुबह गुरुग्राम में बनी जाम और जलभराव की स्थिति की देश भर में चर्चा हो, फिर भी हरियाणा सरकार और जिला प्रशासन को लगता है कि इसमें प्रशासन ने शानदार काम किया है। गुरुग्राम में पानी से भरी सड़कों की तस्वीरें दिन भर सोशल मीडिया रही और टीवी पर भी पूरा दिन राज्य सरकार की किरकिरी होती रही। इसके विपरित गुरुग्राम जिला प्रशासन ने एक प्रेस नोट जारी कर अपनी पीठ थपथपाई है।

पढ़िये क्या कहना है गुरुग्राम प्रशासन का मंगलवार की स्थिति पर >>

‘ गुरुग्राम में पिछले 8 वर्षों में एक दिन में सर्वाधिक 130 मिलीमीटर बारिश होने के बावजूद इस बार ट्रैफिक चलता रहा और वाहनों के पहिए बिल्कुल रुके नही रहे । यह इसलिए संभव हो पाया क्योंकि बारिश चूँकि सोमवार रात से शुरू हो गई थी और जिला अधिकारियों ने ट्रैफिक पुलिस तथा शहरी स्थानीय निकाय के इंजीनियरिंग विंग के अधिकारियों व कर्मचारियों की पहले ही ड्यूटियां लगा दी थी, जिसके कारण गुरुग्राम में 28 जुलाई 2016 वाली महाजाम की स्थिति की पुनरावृति होने से बच गयी ।

आज की बारिश और लगभग 2 वर्ष पहले हुई बारिश में अंतर यह है कि इस बार सोमवार रात्रि से मंगलवार प्रातः 10:00 बजे तक लगभग 130 मिलीमीटर वर्षा गुरुग्राम में हुई, जो पिछले 8 वर्षों में एक दिन की बरसात का रिकॉर्ड है। 28 जुलाई 2016 को मात्र 52 मिलीमीटर बरसात हुई थी, इस लिहाज से इस बार उससे लगभग ढाई से 3 गुणा ज्यादा बरसात हुई है।

उपायुक्त विनय प्रताप सिंह तथा पुलिस आयुक्त श्री के के राव और गुरुग्राम महानगर विकास प्राधिकरण, नगर निगम, हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण तथा एनएचएआई के अधिकारी बराबर स्थिति पर नजर रखे हुए थे। इन सभी एजेंसियों ने अपने कर्मचारी पहले ही तैनात कर दिए थे।

उपायुक्त विनय प्रताप सिंह से जब इस बारे में पूछा गया तो उन्होंने बताया कि गुरुग्राम में आज तेज बारिश की वजह से जलभराव मुख्य रूप से चार स्थानों पर पाया गया। इनमें राष्ट्रीय राजमार्ग पर नरसिंहपुर के पास, हीरो होंडा चौक, सोहना रोड पर सुभाष चौक तथा मेदांता अस्पताल के सामने की जगह शामिल है। इन जलभराव वाली चारों जगहों पर अतिरिक्त पंप तथा मोबाइल पंप लगाकर पानी निकाला गया और दोपहर बाद 3:00 बजे तक इन स्थानों से लगभग सारा पानी निकाला जा चुका था।

इस बार जिला प्रशासन की मुस्तैदी काम आई और जलभराव वाले स्थानों पर जो वाहन रुक रहे थे, उनको क्रेन से उठा कर एक तरफ किया जा रहा था। यही वजह है कि इन चार स्थानों पर भी जलभराव होने के बावजूद ट्रैफिक सुचारू रहा और वाहनों के पहिए थमे नहीं। चाहे धीमी गति से ही सही, लेकिन वाहन चलते रहे। जिला प्रशासन, ट्रैफिक पुलिस, एनएचएआई, नगर निगम तथा अन्य सभी एजेंसियों ने आपसी तालमेल के साथ काम किया जिसकी वजह से गुरूग्राम में शाम को ऑफिस छूटने के समय यातायात आवागमन पूर्ण रूप से सुचारू हो गया था। ‘

जिला प्रशासन का कहना है कि अब केवल दो स्थानों- हीरो होंडा चौक के अंडरपास तथा मेदांता अस्पताल के निकट वाले अंडरपास मे ही पानी खड़ा रह गया है जिसे एनएचएआई तथा जिला प्रशासन व शहरी स्थानीय निकाय की टीमों द्वारा पंप लगाकर निकाला जा रहा है। इस पानी को भी रात को निकाल दिया जाएगा और सुबह होने तक इन दोनों अंडर पासो में भी वाहनों का आवागमन सुचारू हो जाएगा ।

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