चंडीगढ़ में शराब हुई 10 से 15% तक महंगी, डिपार्टमेंटल स्टोर में भी बिकेगी वाइन और बीयर

Breaking देश सेहत

डेढ़ गुणा हुई शराब की खपत, UT प्रशासन का लक्ष्य इस बार 450 करोड़ कमाने का

Yuva Haryana
Chandigarh (21 March 2018)

चंडीगढ़ प्रशासन ने 2018-19 की नई एक्साइज पॉलिसी की घोषणा की है, जिसमें बियर के दामों में कोई बढ़ोतरी नहीं की है। परंतु 1 अप्रैल से शराब में 10 से 15% तक के रेट में बढ़ोतरी होगी। यानि इंडियन मेड फॉरेन लिकर के 500 से 800 रुपए तक के ब्रांड में 40 से 50 रुपए की बढ़ोतरी हुई है।
इस बार पॉलिसी में आम डिपार्टमेंटल स्टोर्स के लिए नए लाइसेंस फार्म को लाया गया है, जिसमें 2 लाख तक लाइसेंस फीस देने के बाद दुकान में इंम्पोर्टेड वाइन, इंडियन वाइन, और इंपोर्टेड बियर तक रख सकते है।
बीते साल चंडीगढ़ में हर रोज लगभग 42 हजार शराब की बोतलों बिकी जो 2016-17 से डेढ़ गुणा ज्यादा थी। प्रशासन का लक्ष्य इस बार इस बिक्री को और ज्यादा बढ़ाने और मुनाफा भी बढ़ाने का है।

यूटी प्रशासन के आबकारी एवं कराधान विभाग की ओर से एक्साइज पॉलिसी में इस बार बड़ा बदलाव किया है। अब से ग्राहकों को शराब की खरीदारी पर बिल देना भी अनिवार्य कर दिया है। वैसे लो एल्कोहलिक कंटेंट्स को बढ़ावा देने के लिए वाइन और बियर के रेट में फिलहाल कोई बढ़ोतरी नहीं की है।

UT प्रशासन ने पंजाब की तर्ज पर चंडीगढ़ में रेवेन्यू को 27% बढ़ाने की सोची है। जिसके लिए ही 354 करोड़ से बढ़ाकर 450 करोड़ का लक्ष्य प्राप्त करने के साथ ठेको की संख्या बढ़ाने और लाइसेंस मंहगा करने का निर्णय लिया है। अब UT में 77 की जगह 93 ठेके होंगे।

वहीं GST के तहत रजिस्टर शॉप ही शराब को बेच सकेंगी। पॉलिसी में सभी रिटेल लाइसेंस धारकों के लिए इनवॉइस जारी करना अनिवार्य कर दिया है। चंडीगढ़ प्रशासन सभी थोक लाइसेंस पर 2 रुपये बल्क लीटर का उपकर लगाया है, जो इकठ्ठा कर चंडीगढ़ ब्रांच के इंडियन रेड क्रॉस सोसाइटी को जाएगा

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *