मेरी साइकिल मेरी योजना के तहत भी 648 अनुसूचित जाति के छात्रों नहीं मिल पाई साइकिल

बड़ी ख़बरें सरकार-प्रशासन हरियाणा

सरकारी स्कूलों में अनुसूचित जाति के छात्र-छात्राओं को अनुदान राशि पर साइकिल मुहैया कराने के लिए “मेरी साइकिल मेरी पसंद” योजना चलाई थी।  लेकिन शिक्षा विभाग की लापरवाही के कारण 20 लाख रुपए की राशि लैप्स हो गई है। इससे जिले के 648 छात्र-छात्राओं को साइकिल नहीं मिल पाया है।

जिसके बाद अब छात्र-छात्राएं स्कूल और डीईओ कार्यालय के चक्कर काट रहे हैं। वंछित छात्र-छात्राओं को अपनी पढ़ाई के लिए अब पैदल स्कूल जाना पड़ रहा है। हालांकि विभाग ने पांच मार्च को राजकीय सीनियर सेकेंडरी स्कूल (गोल) में साइकिलों की प्रदर्शनी लगाई थी। इसमें विद्यार्थियों ने अपनी मनपसंद साइकिलें चुनी थी। सरकार ने सरकारी स्कूलों में अनुसूचित जाति के बच्चों को अनुदान राशि पर साइकिल देने की योजना बनाई थी।

ये उन बच्चों के लिए थी जो स्कूल से दो किलोमीटर या इससे अधिक दूर से पढ़ने के लिए जाते हैं। इस योजना में नौवीं व 11वीं कक्षा के बच्चों को शामिल किया गया था।

सरकार ने जिले में अनुसूचित जाति के विद्यार्थियों को साइकिल देने के लिए साढ़े 35 लाख रुपए का बजट जारी किया था जिसमें नौवीं कक्षा के 732 विद्यार्थी व 11वीं कक्षा के 500 विद्यार्थियों को साइकिल दी जानी थी। विभाग ने यह साइकिलें वर्ष 2018 सत्र शुरू होने से पहले ही देनी थी। विभाग ने साढ़े 15 लाख रुपए की राशि से 584 विद्यार्थियों को तो साइकिलें बांट दी, लेकिन 648 विद्यार्थियों को साइकिलें नहीं मिल पाई।

Read This Also

हरियाणा में पुलिस विभाग में बड़े स्तर पर फेरबदल

 

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *